कृतज्ञता का अभ्यास - पहला दिन-नियामतें गिनें

नियामत गिने और रोज लिखें

ॐ शांति     ''कृतज्ञता के अभ्यास के 21 दिन  में हम यह  समझ  रहे हैं कि जीवन के हर क्षेत्र में इसका इस्तेमाल कैसे किया जाता है, ताकि छोटी से छोटी इच्छा और बड़े से बड़े सपने साकार हो जाएं। हमें अपने जीवन में जो कुछ मिला है उसके लिए ब्रह्मांड से, प्रकृति से, संसार की सर्वोच्च सत्ता से, देवी देवता से सदैव आभार और शुकराना करना है, जिसे हम कृतज्ञता कहते हैं। "कृतज्ञता का अभ्यास" एक सीरीज, कड़ी या श्रंखला है जो 21 दिन की है, कृतज्ञता का अभ्यास और प्रयोग हमारी जिंदगी को खुशनुमा और शानदार बनाता है।


इस लेख में...

  • कृतज्ञता,आभार क्या है
  • कृतज्ञता अभ्यास के लिए सूची या लिस्ट बनाएं
  • कृतज्ञता अभ्यास का पहला दिन नियामतें गिने
  • कृतज्ञता प्रयोग डायरी पेन लेकर...
  • कृतज्ञता प्रयोग के तीन मुख्य पॉइंटस
  • निष्कर्ष

"हमारी उड़ान" का लक्ष्य है……
स्वयं में बदलाव लाकर अपनी जिंदगी को खुशनुमा बनाना।
स्वयं में बदलाव लाकर विश्व परिवर्तन करना।

कृतज्ञता अभ्यास के लिए सूची या लिस्ट बनाएं

    कृतज्ञता के इस शक्तिशाली प्रयोग को करने के लिए एक सूची बनायें  कि आप अपने जीवन के किस क्षेत्र में क्या चाहते हैं,  विस्तार से। सूची में अपने संबंधों मे, कैरियर में, आर्थिक क्षेत्र में, स्वास्थ्य में क्या करना है? या क्या पाना चाहते है? ध्यान रहे आपका काम केवल अपनी मनचाही चीजों की सूची बनानी है…..

{ यह चीजें आपको कैसे मिलेंगी? …उसके लिए आपको क्या-क्या चिंतन या प्रयास करना पड़ेगा ? कहाँ मिलेगा? यह नहीं लिखना है!}

आप "कैसे मिलेगा" की चिंता ना करें….. जब कृतज्ञता अपना जादू शुरू करेगी तो आपके लिए सब कुछ अपने आप हो जाएगा, आपको केवल स्वयं को सचेत रखना है, ताकि अवसरों को आप पहचान सकें, और मनचाही चीज को पा सकें… लिस्ट या सूची  बनाने के लिए यह विभाजन आपका सहयोग करेगा,  ताकि आप अपने जीवन के प्रमुख क्षेत्रों में अपनी नियामतें गिन सके.. जो कि निम्न है….

  1.  स्वास्थ्य एवं शरीर

  2.  कैरियर और कामकाज

  3.  धन

  4.  संबंध

  5.  प्रकृति : धरती,  हवा,  पानी,  सूरज

  6. भौतिक वस्तुएं और व्यक्तिगत इच्छाएं

  7. आपका अपना चुना हुआ कोई भी विषय या वस्तु 

इन विषयों के अलावा और भी विषय हो सकते हैं जैसे: अनुराग, खुशी, प्रेम, जीवन, आंनद आदि | अधिक विस्तार के लिए पिछले पोस्ट पर देखें ... विषय है --कृतज्ञता बनाम धन्यवाद

कृतज्ञता का अभ्यास - पहला दिन-(नियामतें )

     ' नियामतें ' इसका अर्थ है.. बहुमूल्य, दुर्लभ पदार्थ, ईश्वर प्रदत्त वैभव, धन संपदा या वह बढ़िया चीज जो जल्दी ना मिलती हो, जो हमारे पास प्रयास से या बिना प्रयास के उपलब्ध हो | बचपन में हमें अक्सर कहा जाता था,  अपनी नियामत या नेमतें गिनो अथार्त तुम्हारे पास जो कुछ भी है, इतना सारा है !! तब हम गिन कर के खुश हो जाते थे…. परंतु आज हम यह सब भूल चुके हैं !! इस अभ्यास में बस...अब हमें वही याद करना है, हमें कृतज्ञ होने के लिए चीजें खोजनी है | जब हम अपने पास मौजूद चीजों के लिए कृतज्ञ होते हैं,  तो वो चाहे कितनी भी छोटी क्यों ना हो, हम उन्हें बढ़ता हुआ देखेंगे:-  

  1.   यदि आप उस धन के लिए कृतज्ञ हैं, जो आपके पास है, चाहे वह कितना भी कम क्यों ना हो.. आप देखेंगे कि आपका धन जादुई ढंग से बढ़ रहा है!
  2.  यदि आप किसी संबंध के लिए कृतज्ञ हैं? तो वो आदर्श ना हो, तो भी आप उसे चमत्कारिक अंदाज में बेहतर होते हुए देखेंगे!
  3. ज़ब आप अपनी नियामतें नहीं गिनते हैं,  तो आप अनजाने में ही नकारात्मक चीजों को गिनने के जाल में फंस सकते हैं।
  4.  हम उन चीजों को याद करते हैं,  जो हमारे पास नहीं है,  तो हम निश्चित रूप से नकारात्मक चीजों को गिनते हैं।
  5. हम दूसरों की आलोचना करते हैं, उनमें दोष देखते हैं,  तब हम नकारात्मक चीजों को गिनते हैं।
  6. जब हम पर्याप्त पैसा ना होने या मौसम की शिकायत करते हैं।तब भी नकारात्मक चीजों को गिनते हैं। वे बढ़ जाती है!
लेकिन उससे भी बड़ी बात यह है कि हमारी गिनी हुई हर नकारात्मक चीज उन नियामतो को रद्द कर देती है, जो हमारी ओर आ रही होती है !!अपनी नियमतों को गिनना ही जीवन में समृद्धि पाने का एकमात्र तरीका है|

 

बैबकॉक धर्मगुरु ने कहा है.." अपनी मुश्किलें गिन कर नियामतें खो देने से बेहतर यह है कि अपनी नियामतें  गिनते समय गिनती भूल जाएं|"

              

अधिक कृतज्ञता महसूस करने के लिए सृष्टि, ईश्वर, परमात्मा, अच्छाई, जीवन, आपकी उच्चतर स्वरूप या जो भी अवधारणा,  आपको आकर्षित करती है,  उसके प्रति कृतज्ञ हो सकते हैं,  हालांकि आपको लग सकता है कि कृतज्ञता के लिए 10 चीजें खोजना मुश्किल होगा, लेकिन आप इस पर जितना अधिक सोचेंगे आपको उतना ही अधिक एहसास होगा….  कि आपके पास कृतज्ञ होने के लिए कितनी सारी चीजें हैं!!!!    ऊपर दी हुई लिस्ट इसमें आपका सहयोग करेगी |


 

कृतज्ञता प्रयोग का पहला दिन, नियामतें गिनें -- डायरी पेन लेकर के बैठे, सुबह का कोई भी एक समय नियत कर सकते हैं….

  1. सुबह सबसे पहले अपने जीवन की दस नियामतों की सूची बनाएं जिनके लिए आप कृतज्ञ है |

  2. यह लिखे कि आप हर नियामत के लिए क्यों कृतज्ञ है |

  3. अपनी सूची या तो मन ही मन या फिर जोर से पढ़ें,  जब आप अंत में पहुंचे तो जादुई शब्द धन्यवाद,  धन्यवाद, धन्यवाद लिखें और उस नियामतों के लिए ज्यादा से ज्यादा कृतज्ञता महसूस करें |

          

   उदाहरण के लिए... वाक्यांश... इनमें  से कोई भी चुन सकते हैं |

  •  मैं कृतज्ञ हूं क्योंकि मेरे पास  ------(kya)---------- है 

  •   मैं ------(क्या) ----------- के लिए सचमुच कृतज्ञ हूं क्योंकि मेरे पास -----------------है 

  •  I am grateful क्यों क़ि मेरे पास -------------------है 

  

जीवन की हर चीज़ के लिए दिल से कृतज्ञ होना  


प्रयोग के ये 3 पॉइंटस…

यह तीन पॉइंट्स आपको 21 दिन तक लगातार लिखने हैं,  अतीत में जो आपको मिला है, या वर्तमान में जो मिल रहा है,  उसके लिए सृष्टि,  ईश्वर,  परमात्मा, ब्रह्माण्ड... जिसे भी आप मानते हैं,  उनका दिल से शुक्राना करें | इंन दस वाक्यों में आपके विषय अलग-अलग हो सकते हैं, या एक ही विषय

यह तीन पॉइंट्स आपको 21 दिन तक लगातार लिखने हैं, अतीत में जो आपको मिला है, या वर्तमान में जो मिल रहा है, उसके लिए सृष्टि, ईश्वर, परमात्मा, ब्रह्माण्ड... जिसे भी आप मानते हैं, उनका दिल से शुक्राना करें | इंन दस वाक्यों में आपके विषय अलग-अलग हो सकते हैं, या एक ही विषय पर आप 10 नेमतें भी लिख सकते हैं!! जैसा आप चाहें |

शुरुआत में, कृतज्ञता से भरपूर,  हृदय से निकले हुए यह 10 वाक्य, दिन भर के लिए आपके ख़ुशी के ग्राफ  को बढ़ा  ही देंगे !! 21 दिन बाद आपकी लाइफ में परिवर्तन तय है !! यकीन जानिए।

मैं समय समय पर इनको करती रहती हूँ। इस तरह कृतज्ञता के अभ्यासों द्वारा मैं अपने को भरपूर करती हूँ ...मुझे अपने जीवन में किसी तरह की कमी महसूस नहीं होती । इस मंच पर मैं आपसे अपने अनुभव शेयर करती हूँ कुछ चिंतन योग्य...ताकि आप भी उनका लाभ लें सकें ।

आप प्रयोग करें और अपने अनुभव हमारे साथ शेयर करें, "कृतज्ञता का अभ्यास. पहला दिन नियामतें गिने " आपको कैसा लगा आप कमेंट बॉक्स में अपने सुझाव अवश्य दें।

धन्यवाद😊🙏✍️   



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